उतराव। क्षेत्र के लठ्ठूडीह गांव में संपन्न हुआ एक अंतरधार्मिक विवाह इन दिनों चर्चा का विषय बना हुआ है। यहां एक मुस्लिम युवती ने सनातन धर्म अपनाते हुए वैदिक रीति-रिवाज से हिंदू युवक के साथ सात फेरे लेकर विवाह किया। सिंदूरदान और पारंपरिक मंत्रोच्चार के बीच संपन्न हुए इस विवाह समारोह में उत्साह और उल्लास का माहौल देखने को मिला।
जानकारी के अनुसार विश्वंभरपुर निवासी चंचल कुमार गोंड का विवाह भरौली कला निवासी स्वर्गीय निजामुद्दीन अंसारी की पुत्री अंजू (परिवर्तित नाम) के साथ विधि-विधान से संपन्न हुआ। विवाह समारोह के दौरान वर-वधू दोनों बेहद प्रसन्न नजर आए और परिजनों के चेहरे पर भी खुशी साफ झलक रही थी।
वैदिक परंपरा के अनुसार मंडप में मंत्रोच्चार के बीच सात फेरे और सिंदूरदान की रस्म पूरी की गई, जिसके साथ ही दोनों वैवाहिक बंधन में बंध गए। इस मौके पर मौजूद लोगों ने नवदंपति को आशीर्वाद देते हुए उनके सुखद और उज्ज्वल भविष्य की कामना की।
कार्यक्रम में स्थानीय लोगों के साथ-साथ राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ, विश्व हिंदू परिषद, भारतीय जनता पार्टी तथा दुर्गा वाहिनी के कई सदस्य भी मौजूद रहे।
इस अवसर पर प्रमुख रूप से कुबेर नाथ पांडेय उर्फ पागल बाबा, सत्यम शर्मा, प्रवीण राय, अंकित सिंह, राहुल ठाकुर, सतीश चंद्र राय ‘गुड्डू’, दयाशंकर तिवारी और कंचन तिवारी सहित अनेक गणमान्य लोग और पारिवारिक सदस्य उपस्थित रहे। सभी ने नवविवाहित जोड़े को आशीर्वाद देते हुए उनके जीवन में सुख, समृद्धि और सफलता की कामना की।
इस अनोखे विवाह को लेकर पूरे क्षेत्र में चर्चा का माहौल है और लोग इसे सामाजिक सौहार्द तथा व्यक्तिगत निर्णय का उदाहरण भी बता रहे हैं।
