धर्मेन्द्र भारद्वाज | मऊ
मधुबन व दुबारी में राहत शिविरों का किया निरीक्षण, अधिकारियों को राहत-बचाव कार्य तेज करने के निर्देश
मऊ, 14 सितंबर। नगर विकास एवं ऊर्जा मंत्री ए.के. शर्मा ने सोमवार को जिले के बाढ़ प्रभावित मधुबन और दुबारी क्षेत्र का दौरा कर प्रभावित लोगों का हाल जाना। उन्होंने जनता इंटर कॉलेज परिसर में संचालित राहत शिविर का निरीक्षण किया और बाढ़ पीड़ित परिवारों से संवाद कर उनकी समस्याओं एवं जरूरतों की जानकारी ली। इस दौरान उन्होंने प्रभावित लोगों को खाद्य सामग्री के पैकेट, दवाइयां और राहत सामग्री किट वितरित की।
मंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में राहत एवं बचाव कार्यों में किसी भी स्तर पर लापरवाही न हो। जलभराव वाले निचले इलाकों में फंसे लोगों और पशुओं को आवश्यकता के अनुसार तत्काल सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया जाए। राहत शिविरों में रह रहे परिवारों के लिए भोजन, शुद्ध पेयजल, चिकित्सा सुविधा और अन्य आवश्यक सामग्री की पर्याप्त व्यवस्था सुनिश्चित करने को कहा।
उन्होंने कहा कि आपदा की इस घड़ी में प्रदेश सरकार प्रत्येक प्रभावित परिवार के साथ पूरी संवेदनशीलता के साथ खड़ी है। शासन की प्राथमिकता है कि कोई भी प्रभावित व्यक्ति राहत और आवश्यक सुविधाओं से वंचित न रहे। अधिक प्रभावित और दुर्गम क्षेत्रों में प्राथमिकता के आधार पर राहत सामग्री पहुंचाने तथा राहत कार्यों की नियमित निगरानी के निर्देश भी दिए।
बीमारी की रोकथाम पर विशेष जोर
मंत्री ने स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों को बाढ़ का पानी उतरने के बाद संभावित संक्रामक बीमारियों की रोकथाम के लिए मेडिकल टीमों को सक्रिय रखने के निर्देश दिए। प्रभावित क्षेत्रों में जरूरी दवाइयों की उपलब्धता, स्वच्छता, एंटी-लार्वा छिड़काव सहित अन्य निरोधात्मक कार्य समयबद्ध ढंग से कराने को कहा।
उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिया कि प्रभावित क्षेत्रों में भोजन, पेयजल, चिकित्सा और स्वच्छता संबंधी व्यवस्थाओं में किसी प्रकार की कमी नहीं होनी चाहिए। राहत एवं बचाव कार्यों में शिथिलता या लापरवाही मिलने पर गंभीरता से कार्रवाई की जाएगी। प्रशासन यह सुनिश्चित करे कि संकट की इस घड़ी में प्रत्येक जरूरतमंद तक समय से सहायता पहुंचे।
