46 वर्षों की सेवा के लिए सम्मानित, HTO तकनीक पर विशेषज्ञों को दी नई दिशा
प्रयागराज में आयोजित Indian Orthopaedic Association (IOA) के सेंट्रल ज़ोन मिड टर्म सिंपोजियम में वाराणसी के प्रतिष्ठित ऑर्थोपेडिक सर्जन डॉ. अजीत सैगल ने अपने उत्कृष्ट ज्ञान और अनुभव से सभी को प्रभावित किया। 11 अप्रैल 2026 को हुए इस महत्वपूर्ण आयोजन में उन्होंने “DR SAIGAL HTO PLATE” विषय पर एक प्रभावशाली व्याख्यान प्रस्तुत किया, जिसे चिकित्सा क्षेत्र के विशेषज्ञों ने बेहद सराहा।
इस संगोष्ठी में देशभर से आए ऑर्थोपेडिक विशेषज्ञों के बीच डॉ. सैगल का लेक्चर न केवल तकनीकी रूप से समृद्ध रहा, बल्कि यह घुटने से संबंधित जटिल समस्याओं के उपचार में नई संभावनाओं को भी उजागर करता है। HTO (High Tibial Osteotomy) तकनीक पर उनकी प्रस्तुति ने युवा डॉक्टरों और सर्जनों को आधुनिक उपचार पद्धतियों की गहरी समझ प्रदान की।
कार्यक्रम के दौरान उन्हें IOA के सेंट्रल ज़ोन के पूर्व अध्यक्ष के रूप में विशेष सम्मान भी प्रदान किया गया। यह सम्मान उनके चिकित्सा क्षेत्र में लंबे समय से दिए जा रहे योगदान और नेतृत्व क्षमता का प्रमाण है।
वाराणसी के लिए यह गर्व का विषय है कि यहां के डॉक्टर राष्ट्रीय स्तर पर अपनी पहचान बना रहे हैं और स्वास्थ्य सेवाओं को नई दिशा दे रहे हैं। डॉ. अजीत सैगल की यह उपलब्धि न केवल शहर बल्कि पूरे पूर्वांचल के चिकित्सा क्षेत्र के लिए प्रेरणादायक है। उल्लेखनीय है कि डॉ. सैगल पिछले 46 वर्षों से मंगलम सिद्धगिरी बाग में लगातार अपनी सेवाएं दे रहे हैं, जिससे हजारों मरीजों को लाभ मिला है।
