गया /गाजीपुर। मानवता की सेवा और रक्तदान के क्षेत्र में गाजीपुर का मान पूरे देश में बढ़ रहा है। बिहार के गयाजी में आयोजित राष्ट्रीय रक्तदाता अधिवेशन व सम्मान समारोह में जनपद के जीवन रक्षक फाउंडेशन के संस्थापक शीर्ष दीप शर्मा को उनकी उत्कृष्ट सेवाओं के लिए प्रतिष्ठित भगत सिंह सम्मान 2026 से सम्मानित किया गया।
शहीद भगत सिंह यूथ ब्रिगेड द्वारा आयोजित इस गरिमामयी कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में अमर शहीद चंद्रशेखर आजाद के पौत्र अमित आजाद तिवारी, विशिष्ट अतिथि के तौर पर क्रांतिकारी बैकुंठ शुक्ल के वंशज अरुण शुक्ल और पूर्व केंद्रीय मंत्री अश्वनी चौबे उपस्थित रहे।
हर इंकलाब कहने वाले युवक में बसते हैं आजाद और भगत सिंह
समारोह को संबोधित करते हुए अमित आजाद तिवारी ने युवाओं में जोश भरते हुए कहा, आज के समय में हर किसी को भगत सिंह और चंद्रशेखर आजाद तो चाहिए, लेकिन अपने घर में नहीं। अगर हमें समाज बदलना है तो माताओं को जगरानी देवी, विद्यावती कौर और जीजाबाई बनना होगा। उन्होंने वंदे मातरम को राष्ट्रभक्ति का सर्वोच्च मंत्र बताते हुए कहा कि यह केवल नारा नहीं, बल्कि उन शहीदों की गूंज है जो हँसते-हँसते फांसी पर झूल गए।
60 बार रक्तदान और 2500 जिंदगियां बचाने का जज्बा
सम्मान प्राप्त करने के बाद भावुक होते हुए शीर्ष दीप शर्मा ने इस उपलब्धि का श्रेय अपनी टीम को दिया। उन्होंने कहा:
“यह सम्मान मेरा नहीं, बल्कि जीवन रक्षक फाउंडेशन के उन सैकड़ों रक्तदाताओं का है जो आधी रात को भी एक फोन कॉल पर निस्वार्थ भाव से अस्पताल पहुँच जाते हैं।”
इस गौरवपूर्ण उपलब्धि पर गाजीपुर के सामाजिक कार्यकर्ताओं और प्रबुद्ध जनों ने शीर्ष दीप शर्मा को बधाई देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की है।
