सत्यदेव इंटरनेशनल स्कूल, सागापाली, गाज़ीपुर में विद्यालय की स्थापना की प्रथम वर्षगाँठ अत्यंत धूमधाम और उत्साह के साथ मनाई गई। इस अवसर पर विद्यालय में वर्षभर आयोजित विभिन्न प्रतियोगिताओं के सफल प्रतिभागियों को मेडल एवं प्रमाणपत्र प्रदान कर सम्मानित किया गया। विद्यार्थियों ने अपने मनमोहक एवं आकर्षक सांस्कृतिक कार्यक्रमों से उपस्थित अभिभावकों, मुख्य अतिथि एवं सभी दर्शकों को भावविभोर कर दिया।
विद्यार्थियों ने अभूतपूर्व अनुशासन का परिचय दिया। इतनी बड़ी संख्या में उपस्थित होने के बावजूद वातावरण की शांति और व्यवस्था अप्रत्याशित एवं अत्यंत प्रशंसनीय रही। यह देखकर हम सभी को गर्व की अनुभूति हुई कि विद्यार्थियों ने विद्यालय से न केवल शिक्षा, बल्कि संस्कार और अनुशासन भी आत्मसात किया है।

आज का दिन विद्यालय के लिए इसलिए भी विशेष रहा क्योंकि सत्यदेव ग्रुप ऑफ कॉलेजेज के मुख्य प्रबंध निदेशक प्रोफेसर डॉ. आनंद सिंह का जन्मदिन भी था जिसे पूरे स्कूल परिवार ने बड़े उत्साह और उमंग के साथ मनाया । विद्यार्थियों ने अपने स्नेह एवं सम्मान को व्यक्त करते हुए सुंदर हस्तलिखित कार्ड भेंट किए, जिन्हें सर ने अत्यंत प्रसन्नता से स्वीकार किया। विद्यालय का वातावरण हर्ष, उल्लास और मंगलकामनाओं से परिपूर्ण रहा।
मध्यप्रदेश से पधारे मुख्य अतिथि डॉ. मुकेश मिश्रा ने अपने उद्बोधन में कहा कि आज के समय में लोग गाँव से शहरों की ओर प्रवास कर रहे हैं, किंतु प्रोफेसर डॉ. आनंद सिंह जी एवं मैनेजर श्रीमती सुमन सिंह ने भोपाल और लखनऊ जैसे शहरों का सुविधापूर्ण जीवन त्यागकर ग्रामीण क्षेत्र में विद्यालय की स्थापना की। उनका उद्देश्य व्यवसाय नहीं, बल्कि गाँव के बच्चों के भविष्य को उज्ज्वल बनाना, उन्हें शिक्षित करना और श्रेष्ठ नागरिक के रूप में विकसित करना है। उन्होंने पूरे विद्यालय परिवार को अपनी शुभकामनाएँ प्रेषित कीं।
विशेष अतिथि सूर्यनाथ सिंह जी ने विद्यालय के एक वर्ष पूर्ण होने पर बधाई दी तथा विद्यार्थियों के अनुशासन की भूरि-भूरि प्रशंसा की। उन्होंने कहा कि बच्चों के निर्माण में विद्यालय के साथ-साथ अभिभावकों की भी समान भूमिका होती है। विद्यालय और अभिभावकों के समन्वय से ही विद्यार्थी का सर्वांगीण विकास संभव है। उन्होंने विद्यालय की शैक्षिक एवं सह-शैक्षणिक गतिविधियों के लिए शुभकामनाएँ दीं।
अपने संबोधन में विशिष्ट अतिथि प्रोफेसर डॉ. आनंद सिंह जी ने कहा कि विगत एक वर्ष में विद्यार्थियों ने अपनी उपलब्धियों से विद्यालय को गौरवान्वित किया है। उन्होंने आशा व्यक्त की कि आने वाले समय में यही विद्यार्थी राष्ट्रीय क्षितिज पर अपनी पहचान स्थापित कर विद्यालय एवं क्षेत्र का नाम रोशन करेंगे। उन्होंने प्राचार्य ए. एन. उपाध्याय जी के कुशल मार्गदर्शन तथा शिक्षकों के अथक परिश्रम की सराहना करते हुए कहा कि शिक्षकों के समर्पण से ही ग्रामीण पृष्ठभूमि से आए विद्यार्थियों के विचारों, भावनाओं एवं संस्कारों को तराशकर उनका उज्ज्वल भविष्य निर्माण किया जा रहा है।
कार्यक्रम में विशिष्ट अतिथि एवं सत्यदेव ग्रुप ऑफ कॉलेजेज के प्रबंध निदेशक प्रोफेसर सानंद सिंह ने अपने बड़े भाई प्रोफेसर डॉ. आनंद सिंह को अंगवस्त्र भेंट कर जन्मदिन की शुभकामनाएँ दीं। अपने प्रेरणादायी उद्बोधन में उन्होंने कहा कि पिछले एक वर्ष में बच्चों के व्यक्तित्व में अद्भुत परिवर्तन देखने को मिला है। जिन चेहरों पर कभी अभाव और निराशा झलकती थी, आज वहीं आत्मविश्वास और सफलता की चमक दिखाई देती है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि यही विद्यार्थी भविष्य में NEET और IIT जैसी प्रतिष्ठित परीक्षाओं में सफलता प्राप्त कर विद्यालय एवं क्षेत्र का नाम गौरवान्वित करेंगे। उन्होंने प्रबंधक, प्राचार्य एवं समस्त शिक्षकों के अथक परिश्रम की सराहना करते हुए भविष्य के लिए शुभकामनाएँ दीं।
विद्यालय की मैनेजर श्रीमती सुमन सिंह ने भी प्रोफेसर आनंद सिंह को अंगवस्त्रम भेंटकर शुभकामनाएं दी एवं अपने संबोधन में कहा कि विगत एक वर्ष में विद्यालय ने शिक्षकों के समर्पण एवं सतत प्रयासों के बल पर सशक्त एवं सार्थक दिशा में उल्लेखनीय प्रगति की है। ग्रामीण अंचल के बच्चों की बहुमुखी उन्नति इसका सजीव प्रमाण है। उन्होंने सी.सी.ए. के अंतर्गत आयोजित प्रतियोगिताओं के विजेताओं को बधाई दी तथा इस सफल आयोजन के लिए प्राचार्य एवं समस्त शिक्षकगण को हार्दिक शुभकामनाएँ दीं।
अंत में विद्यालय के प्रधानाचार्य ए. एन. उपाध्याय जी ने सभी सम्मानित अतिथियों, अभिभावकों, विद्यालय की सी.सी.ए. समिति एवं समस्त शिक्षकगण का आभार व्यक्त किया ।
निस्संदेह, यह दिन विद्यालय के इतिहास में सदैव एक प्रेरणादायी एवं गौरवपूर्ण अध्याय के रूप में स्मरण किया जाएगा।
