रिपोर्ट: राहुल पटेल
गाजीपुर। जनपद के ग्राम शक्करपुर (पोस्ट–शाहबाजकुली) में लंबे समय से प्रस्तावित रेलवे अंडरपास (LHS) निर्माण को लेकर अब प्रक्रिया ने रफ्तार पकड़ ली है। गुरुवार को रेलवे अधिकारियों की टीम द्वारा ड्रोन के माध्यम से प्रस्तावित स्थल का विस्तृत सर्वे किया गया, जिसे इस परियोजना की दिशा में एक महत्वपूर्ण और निर्णायक कदम माना जा रहा है।
यह पहल सामाजिक कार्यकर्ता डॉ. जीतेन्द्र प्रसाद के निरंतर प्रयासों का परिणाम है। उन्होंने रेलवे अधिकारियों एवं जिलाधिकारी कार्यालय से लगातार संपर्क और समन्वय स्थापित कर इस कार्य को आगे बढ़ाया। उनके प्रयासों के चलते ही शक्करपुर में प्रस्तावित रेलवे अंडरपास का ड्रोन सर्वे संभव हो सका।
बताया गया कि इस सर्वे का मुख्य उद्देश्य प्रस्तावित अंडरपास एवं उससे जुड़ी संपर्क सड़क के निर्माण के लिए आवश्यक तकनीकी आंकड़े एकत्र करना है, ताकि आगे की प्रक्रियाएं—जैसे विस्तृत सर्वे, डिजाइन एवं टेंडर—शीघ्र प्रारंभ की जा सकें। सर्वे के दौरान रेलवे की तकनीकी टीम ने स्थल की भौगोलिक स्थिति, भूमि उपलब्धता एवं कनेक्टिविटी से जुड़े विभिन्न पहलुओं का गहन निरीक्षण किया।
डॉ. जीतेन्द्र प्रसाद ने बताया कि जुलाई 2025 से ही इस परियोजना को लेकर रेलवे और राज्य सरकार के बीच पत्राचार, दस्तावेजी प्रक्रिया एवं स्वीकृति प्राप्त करने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे थे। उनके अथक प्रयासों के परिणामस्वरूप हाल ही में जिलाधिकारी, गाजीपुर द्वारा शक्करपुर रेलवे अंडरपास के लिए नो ऑब्जेक्शन सर्टिफिकेट (NOC) जारी कर प्रस्ताव रेलवे विभाग को अग्रसारित किया गया।
उन्होंने बताया कि बीच में कुछ तकनीकी बाधाओं के कारण कार्य प्रारंभ नहीं हो पाया था, लेकिन अब अधिकांश समस्याओं का समाधान कर लिया गया है और परियोजना तेजी से आगे बढ़ रही है।
ड्रोन सर्वे के दौरान मौके पर रामकृत प्रजापति सहित कई ग्रामीण उपस्थित रहे। ग्रामीणों ने बताया कि वे लंबे समय से अंडरपास निर्माण की मांग को लेकर सक्रिय हैं और कई बार जिलाधिकारी एवं उप-जिलाधिकारी से मिलकर अपनी बात रख चुके हैं।
ग्रामीणों के अनुसार, शक्करपुर के पास रेलवे लाइन पार करना हमेशा जोखिम भरा रहा है। आसपास के लगभग सात गांवों के लोग, छात्र-छात्राएं, महिलाएं एवं बुजुर्ग प्रतिदिन रेलवे ट्रैक पार करते हैं, जिससे दुर्घटनाओं की आशंका बनी रहती है। दिसंबर 2025 में एक महिला की ट्रेन से कटकर हुई दुर्घटना के बाद इस मांग ने और अधिक जोर पकड़ लिया।
डॉ. जीतेन्द्र प्रसाद ने बताया कि मंडल रेल प्रबंधक (DRM), वाराणसी से मुलाकात, ई-मेल, व्हाट्सऐप एवं टेलीफोनिक वार्ता के माध्यम से लगातार फॉलो-अप किया जा रहा है। उन्होंने उम्मीद जताई कि ड्रोन सर्वे के बाद अगले चरण में विस्तृत सर्वे एवं टेंडर प्रक्रिया शीघ्र शुरू होगी, जिससे निर्माण कार्य का मार्ग प्रशस्त होगा।
उन्होंने सरकार एवं रेलवे प्रशासन के प्रति विश्वास व्यक्त करते हुए कहा कि शक्करपुर में प्रस्तावित रेलवे अंडरपास का निर्माण कार्य जल्द ही शुरू होगा, जिससे हजारों लोगों को सुरक्षित एवं सुगम आवागमन की सुविधा मिल सकेगी।
इस अवसर पर उन्होंने रेलवे के अधिकारियों एवं कर्मचारियों, मंडल रेल प्रबंधक (DRM) वाराणसी, जिलाधिकारी गाजीपुर एवं उप-जिलाधिकारी का आभार व्यक्त किया, जिनके सहयोग से यह महत्वपूर्ण परियोजना आगे बढ़ सकी।
फिलहाल, ड्रोन सर्वे के साथ ही गांव में एक नई उम्मीद जगी है और ग्रामीणों को विश्वास है कि वर्षों से लंबित यह परियोजना अब जल्द ही धरातल पर साकार होगी।
